Jorhat

JORHAT: आम आदमी पार्टी ने पेश की शिक्षा व्यवस्था की जमीनी हकीकत

दिल्ली की तर्ज पर असम के स्कूलों को आधुनिक बनाना समय की मांग : दिव्यज्योति

2022 सितंबर 10/PRJ न्यूज़ ब्यूरो,जोरहाट :

दिल्ली की तर्ज पर असम के स्कूलों को आधुनिक बनाना समय की मांग : दिव्यज्योति

दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और राज्य के मुख्यमंत्री डा. हिमंत विश्व शर्मा के बीच जारी वाक युद्ध के बाद अब आम आदमी पार्टी की असम इकाई ने सरकार पर तीखे हमले करने शुरू कर दिए है। शुक्रवार को पार पार्टी की जोरहाट जिला समिति ने एक पत्रकार सम्मेलन आयोजित कर राज्य की शिक्षा व्यवस्था की पोल खोली। पार्टी की प्रदेश समिति के सांगठनिक सचिव दिव्यज्योति शर्मा ने पत्रकारों के सामने राज्य की शिक्षा व्यवस्था को लेकर कई तथ्य पेश किए।

इस मौके पर पार्टी के जिला संयोजक मुक़सादुर रहमान, प्रशांत कलिता, सूर्य मोहन दास, तपन चंद्र भट्टाचार्य व रंजीत बरूआ मौजूद थे। दिव्यज्योति ने कहा कि राज्य के शिक्षा विभाग में चारों तरफ अराजकता का माहौल है और इसे बदलने के लिए जनता उठ खड़ी हुई है। असम के स्कूलों को दिल्ली की तर्ज पर आधुनिक बनाने का समय अब नजदीक है। उन्होंने मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा के अंग्रेजी माध्यम को लेकर जारी प्रेम पर कटाक्ष करते हुए कहा कि सबसे पहले स्कूलों में जरूरी विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति करना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए।

सरकारी स्कूलों में छात्रों के लिए मूलभूत सुविधाओं का अभाव है। उन्होंने बताया कि देश के शिक्षा क्षेत्र को पूरी तरह निजी हाथों में देने के लिए सरकार व्याकुल नजर आ रही है। पहले गुणोत्सव का आयोजन कर हजारों विद्यालय बंद करने वाली सरकार ने दूसरे गुणोत्सव के बाद अभी तक 1710 विद्यालयों को बंद कर दिया है। तथ्यों के अनुसार भाजपा सरकार के राज में लगभग नौ हजार स्कूल फिलहाल बंद हो चुके है। स्कूलों की इस दुर्दशा पर ध्यान देने कि बजाय सरकार इसे विरोधियों का दुष्प्रचार बता रही है।

इसलिए संगठन की तरफ से जमीनी हकीकत का पता लगाने के लिए हमने विद्यालयों का दौरा कर हालात को समझने की पहल की है। यह कार्यक्रम पूरे असम में फिलहाल चल रहा है और इसमें चौंकाने वाले तथ्य सामने आए है। पूर्व मुख्यमंत्री तरुण गोगोई के गांव रंगाजान स्थित ज्ञानज्योति प्राथमिक विद्यालय से शुरू करते हुए उन्होंने जोरहाट के कई स्कूलों में व्याप्त विसंगतियों की जानकारी पत्रकार सम्मेलन में रखी।

Related Articles

Back to top button